तीन देशों की यात्रा पर निकले ईरान के विदेश मंत्री अराघची, क्या फिर होगी अमेरिका-ईरान के बीच शांति वार्ता?
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची 3 देशों की यात्रा करने जा रहे हैं. अमेरिका के साथ दूसरे दौर की वार्ता की चर्चाओं से पहले ये यात्रा अहम मानी जा रही है. हालांकि, अमेरिका की धमकियों और ईरान के जवाबी कार्रवाई की चेतावनी के चलते युद्ध का खतरा भी बना हुआ है.
अमेरिका और ईरान के बीच चल रही दूसरे राउंड की वार्ता की चर्चाओं के बीच ईरान के विदेश मंत्री का पाकिस्तान दौरा कंफर्म हो गया है. पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद के अपने दौरे से पहले विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने एक्स पर कहा, “इस्लामाबाद, मस्कट और मॉस्को के सही समय पर दौरे पर जा रहा हूं. मेरे दौरे का मकसद हमारे पार्टनर्स के साथ बाइलेटरल मामलों पर करीबी तालमेल बिठाना और इलाके के डेवलपमेंट पर सलाह-मशविरा करना है. हमारे पड़ोसी हमारी प्रायोरिटी हैं.”
खबरों के मुताबिक अराघची इस्लामाबाद का एक छोटा दौरा करेंगे, जहां वे दो-तरफा बातचीत करेंगे और प्रस्ताव पर अपना पक्ष रखेंगे, जिसे बाद में अमेरिका को भेजा जाएगा. इसके बाद अराघची ओमान और रूस जाएंगे. एसोसिएटेड प्रेस ने शुक्रवार को दो अज्ञात पाकिस्तानी अधिकारियों के हवाले से बताया कि ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची इस वीकेंड बातचीत के लिए पाकिस्तान जा सकते हैं. अधिकारियों ने कहा कि अराघची के साथ एक छोटा सरकारी डेलिगेशन भी होगा. दौरे के बारे में अभी ज्यादा जानकारी सामने नहीं आई है. माना जा रहा है कि ये यात्रा ईरान और अमेरिका के बीच सीज़फ़ायर बातचीत फिर से शुरू करने की पाकिस्तान कोशिशों का हिस्सा है.
Embarking on timely tour of Islamabad, Muscat, and Moscow.
Purpose of my visits is to closely coordinate with our partners on bilateral matters and consult on regional developments.
Our neighbors are our priority.
— Seyed Abbas Araghchi (@araghchi) April 24, 2026
दूसरे राउंड की पीस टॉक की कोशिश तेज
अल-जजीरा के मुताबिक इस्लामाबाद में US-ईरान बातचीत में सफलता की बहुत ज़्यादा संभावना है, क्योंकि ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची के नेतृत्व में एक डेलीगेशन आज रात पाकिस्तान की राजधानी पहुंचने की उम्मीद है. शुक्रवार सुबह ईरान के विदेश मंत्री ने पाकिस्तान के डिप्टी प्राइम मिनिस्टर और विदेश मंत्री इश्हाक डार के साथ टेलीफोन पर बात की थी. पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने कहा कि दोनों पक्षों ने क्षेत्रीय डेवलपमेंट, सीजफायर और US-ईरान इंगेजमेंट के संदर्भ में चल रहे डिप्लोमैटिक प्रयासों पर विचारों का आदान-प्रदान किया है.
जंग फिर से हो सकती है शुरू
वहीं जंग के फिर से शुरू होने का भी खतरा बना हुआ है. जहां अमेरिकी राष्ट्रपति लगतार धमकी दे रहे हैं कि अगर ईरान ने डील नहीं की तो परिणाम बुरे होंगे. इस बीच ईरानी के उप-राष्ट्रपति ने तेल सुविधाओं को निशाना बनाने पर जवाबी कार्रवाई की चेतावनी दी है. ईरानी वाइस प्रेसिडेंट एस्माएल सगब एस्फाहानी ने कहा, “किसी भी संभावित हमले पर हमारे देश का जवाब आंख के बदले आंख से कहीं ज़्यादा होगा.” उन्होंने आगे कहा, “अगर हमारे किसी भी तेल के कुएं पर हमला होता है, तो जिन देशों के इलाके से हम पर हमला किया जा रहा है, उनके तेल फेज में से एक को निशाना बनाया जाएगा.”
ये भी पढ़ें- मादुरो को पकड़ने में शामिल स्पेशल फोर्सेस का जवान गिरफ्तार, सीक्रेट जानकारी पर सट्टा लगाकर कमाए थे 3.3 करोड़



